बच्चे डरे नहीं साहसिक बने। नंदिता काला
बच्चों का जीवन कोमल उसे सही तराशना हम सभी का कर्तव्य
=सुरक्षित बचपन के तहत लगाई कार्यशाला
प्राथमिक विद्यालय प्रथम में न्याय विधिक न्यायपालिका सितारगंज की सिविल जज नंदिता काला ने सुरक्षित बचपन कार्यक्रम के अंतर्गत बच्चों को बताया कि कोई भी व्यक्ति बच्चों के साथ गलत हरकत करने का प्रयास करे या शरीर के किसी भी अंग को छुए तो तुरंत अपने अध्यापक,
माता पिता या पुलिस को सूचना दें या 1098 पर इसकी शिकायत दर्ज करवाएं।कम उम्र के बच्चों से किसी भी दुकान या फैक्ट्री में काम लिया जाता है तो उसकी शिकायत भी तुरंत करें।
उन्होंने बच्चों से मोबाइल का प्रयोग न करने की सलाह दी मोबाइल फोन में ऑनलाइन गेम खेलने से जो क्राइम बड़ा है उससे होने वाले नुकसान को विस्तार से समझाया,बच्चों का मन कोमल होता है,आप डरे नहीं,मजबूत बने,हम चाहते हैं बच्चे साहसिक और निर्भीक बनें,बच्चे देश का भविष्य हैं आप निर्भीक होकर के अपने जीवन को आगे बढ़ाएं।सिविल जज ने बच्चों को अपने माता पिता के अकाउंट्स की डिटेल किसी को भी न बताने ओर 18 वर्ष की आयु के बाद ही स्कूटर एवं कार चलाने की सलाह दी। एस आई बबीता ने कहा कि कोई भी दिक्कत या परेशानी में तुरंत 112 पर कॉल कर पुलिस को सूचना दें। इस मौके पर वरिष्ठ समाजसेवी अग्रवाल महासभा के जिलाध्यक्ष महेश मित्तल,पवन बड़सीवाल,प्रधानाचार्य मुकेश कुमार,धीरज कुमार,अजनीश कुमार राणा,पुष्पा रानी,
संजीता,उषा रानी आदि रहे
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